Anmol Sandesh News Desk, नई दिल्ली/लखनऊ
उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए 16 अक्टूबर 2026 को चुनाव होना है। चुनाव आयोग ने तारीखों का ऐलान कर दिया है और इसके साथ ही भारतीय जनता पार्टी के भीतर संभावित उम्मीदवारों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। मौजूदा विधानसभा संख्या के आधार पर भाजपा और उसके सहयोगी दलों के खाते में 8 सीटें जाने का अनुमान विभिन्न रिपोर्टों में लगाया जा रहा है। हालांकि, अंतिम नतीजे मतदान और चुनावी प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होंगे। इन 10 सीटों में से फिलहाल 8 सीटें भाजपा, एक समाजवादी पार्टी और एक बहुजन समाज पार्टी के पास हैं। भाजपा के सात मौजूदा सांसदों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, जबकि एक सीट पूर्व सांसद दिनेश शर्मा के इस्तीफे के बाद पहले ही खाली हो चुकी है।
16 अक्टूबर को होगा मतदान
चुनाव आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक राज्यसभा चुनाव के लिए 29 सितंबर को अधिसूचना जारी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर है। 7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, जबकि उम्मीदवार 9 अक्टूबर तक नाम वापस ले सकेंगे। जरूरत पड़ने पर 16 अक्टूबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा और उसी दिन शाम 5 बजे मतगणना शुरू होगी। पूरी चुनाव प्रक्रिया 19 अक्टूबर तक पूरी की जानी है।
BJP में किन नामों की चर्चा?
भाजपा के संभावित उम्मीदवारों को लेकर अभी पार्टी की ओर से आधिकारिक सूची जारी नहीं की गई है। हालांकि मीडिया रिपोर्टों में स्मृति ईरानी, वरुण गांधी, हरदीप सिंह पुरी, बीएल वर्मा, बृजलाल, गीता शाक्य, नीरज शेखर और अरुण सिंह समेत कई नामों की चर्चा है। रिपोर्टों के मुताबिक भाजपा मौजूदा सांसदों में से कुछ को दोबारा मौका देने के साथ-साथ नए चेहरों को भी मैदान में उतार सकती है। पार्टी के संभावित चयन में क्षेत्रीय और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखे जाने की चर्चा भी सामने आई है।
स्मृति ईरानी का नाम क्यों चर्चा में?
पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी का नाम संभावित उम्मीदवारों में चर्चा में है। मीडिया रिपोर्टों में उनके नाम को लेकर अटकलें लगाई जा रही हैं। हालांकि, भाजपा की ओर से अभी उन्हें राज्यसभा उम्मीदवार घोषित नहीं किया गया है। इसलिए उनकी उम्मीदवारी को फिलहाल सिर्फ चर्चित संभावना के रूप में देखा जा रहा है।
वरुण गांधी को लेकर भी अटकलें
पूर्व सांसद वरुण गांधी का नाम भी संभावित दावेदारों की चर्चाओं में सामने आया है। 2024 के लोकसभा चुनाव में उन्हें पीलीभीत से टिकट नहीं मिला था और इसके बाद उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर कई तरह की चर्चाएं होती रही हैं। अब राज्यसभा चुनाव से पहले उनका नाम फिर चर्चा में आया है। हालांकि, भाजपा ने वरुण गांधी को उम्मीदवार बनाने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। इसलिए इसे पार्टी के अंतिम फैसले के तौर पर पेश नहीं किया जा सकता।
मौजूदा BJP सांसदों में भी कई नाम
राज्यसभा की जिन भाजपा सीटों पर कार्यकाल पूरा हो रहा है, उनमें अरुण सिंह, गीता शाक्य, नीरज शेखर, बृजलाल, बीएल वर्मा, सीमा द्विवेदी और हरदीप सिंह पुरी शामिल हैं। इनमें केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी भी शामिल हैं। वहीं अरुण सिंह भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव हैं। बीएल वर्मा, बृजलाल और अन्य मौजूदा सांसदों के नाम भी संभावित उम्मीदवारों की चर्चा में बने हुए हैं।
जातीय और क्षेत्रीय समीकरण पर भी नजर
उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए राज्यसभा उम्मीदवारों के चयन को लेकर जातीय और क्षेत्रीय संतुलन की चर्चा भी तेज है। रिपोर्टों में ब्राह्मण, ओबीसी, दलित और अन्य सामाजिक समूहों को प्रतिनिधित्व देने के लिए नए चेहरों पर विचार किए जाने की बात सामने आई है। हालांकि, कौन सा नेता किस सामाजिक या क्षेत्रीय समीकरण के तहत उम्मीदवार बनेगा, यह भाजपा की आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।
इन 10 सीटों पर खत्म हो रहा कार्यकाल
उत्तर प्रदेश की 10 सीटों में भाजपा के आठ मौजूदा सांसदों की सीटें शामिल हैं। इनमें दिनेश शर्मा की सीट पहले ही खाली हो चुकी है। बाकी भाजपा सांसदों के साथ समाजवादी पार्टी के रामगोपाल यादव और बहुजन समाज पार्टी के रामजी गौतम का कार्यकाल भी समाप्त हो रहा है। इस चुनाव के बाद उत्तर प्रदेश से राज्यसभा में दलों की संख्या में बदलाव की संभावना है। खास तौर पर भाजपा, सपा और बसपा के लिए यह चुनाव महत्वपूर्ण है।
चुनाव कार्यक्रम एक नजर में
- अधिसूचना: 29 सितंबर 2026
- नामांकन की अंतिम तारीख: 6 अक्टूबर
- नामांकन पत्रों की जांच: 7 अक्टूबर
- नाम वापसी: 9 अक्टूबर
- मतदान: 16 अक्टूबर, सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक
- मतगणना: 16 अक्टूबर, शाम 5 बजे
- चुनाव प्रक्रिया पूरी होने की तारीख: 19 अक्टूबर
अब नजर भाजपा की आधिकारिक सूची पर
राज्यसभा चुनाव की तारीख घोषित होने के बाद भाजपा के भीतर संभावित उम्मीदवारों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। स्मृति ईरानी और वरुण गांधी जैसे नाम मीडिया रिपोर्टों में चर्चा में हैं, लेकिन पार्टी ने अभी किसी को आधिकारिक उम्मीदवार घोषित नहीं किया है। अब निगाहें भाजपा की केंद्रीय नेतृत्व की ओर हैं कि मौजूदा सांसदों में से किन्हें दोबारा मौका मिलता है और कितने नए चेहरों को राज्यसभा भेजा जाता है।
