Anmol Sandesh News Desk,उज्जैन
आगामी सिंहस्थ महापर्व की तैयारियों को लेकर मध्य प्रदेश सरकार ने रफ्तार तेज कर दी है। शनिवार को मुख्यमंत्री Mohan Yadav और केंद्रीय मंत्री Manohar Lal Khattar ने उज्जैन पहुंचकर सिंहस्थ से जुड़े विभिन्न विकास कार्यों का निरीक्षण किया।निरीक्षण के दौरान दोनों नेता करीब 100 फीट गहरी टनल में उतरे और महत्वाकांक्षी कान्ह डायवर्जन क्लोज डक्ट परियोजना के निर्माण कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा कर कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित समय-सीमा में परियोजना पूरी करने के निर्देश दिए।
शिप्रा को स्वच्छ बनाने की बड़ी योजना
यह परियोजना शिप्रा नदी को प्रदूषण मुक्त और स्वच्छ बनाए रखने के उद्देश्य से तैयार की जा रही है। कान्ह नदी के दूषित जल को शिप्रा के प्रमुख घाटों और धार्मिक स्थलों तक पहुंचने से रोकने के लिए करीब 919.94 करोड़ रुपये की लागत से यह परियोजना विकसित की जा रही है।
30 किलोमीटर लंबी है परियोजना
परियोजना की कुल लंबाई 30.15 किलोमीटर है, जिसमें:
- 18.15 किलोमीटर कट-एंड-कवर डक्ट
- 12 किलोमीटर भूमिगत टनल
शामिल है।
टनल के रखरखाव और सफाई के लिए चार विशेष शाफ्ट भी बनाए जा रहे हैं। यह आधुनिक डक्ट सिस्टम अधिकतम 40 क्यूमेक्स दूषित जल की निकासी क्षमता रखता है।
25 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखकर डिजाइन
अधिकारियों के अनुसार परियोजना को अगले 25 वर्षों की जनसंख्या वृद्धि और शहरी विस्तार को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है, ताकि भविष्य में भी शिप्रा नदी को प्रदूषण से बचाया जा सके।

जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान सांसद Anil Firojiya, मंत्री Kailash Vijayvargiya, मंत्री Tulsi Ram Silawat सहित कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
सिंहस्थ 2028 की तैयारियों को मिलेगी रफ्तार
सरकार का मानना है कि इस परियोजना के पूरा होने से सिंहस्थ के दौरान आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को स्वच्छ शिप्रा नदी का लाभ मिलेगा और उज्जैन की धार्मिक एवं पर्यटन पहचान को नई मजबूती मिलेगी।
