Anmol Sandesh News Desk,छिंदवाड़ा
मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में सोमवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। छिंदवाड़ा-बैतूल नेशनल हाईवे पर टेमनी खुर्द गांव के समीप मजदूरों से भरा वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें 5 मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 20 अन्य मजदूर घायल हो गए। घायलों को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।प्राप्त जानकारी के अनुसार सभी मजदूर ग्राम मछेरा से कंहरगांव के खेतों में मजदूरी करने जा रहे थे, तभी रास्ते में यह भीषण हादसा हो गया। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों ने राहत एवं बचाव कार्य में प्रशासन की मदद की।

मृतकों में 3 महिलाएं और 2 पुरुष शामिल
छिंदवाड़ा जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. सुशील कुमार दुबे ने बताया कि हादसे में 3 महिलाओं और 2 पुरुषों की मौत हुई है। वहीं कई घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है, जिनका चिकित्सकीय निगरानी में इलाज किया जा रहा है।
प्रशासनिक अधिकारी अस्पताल पहुंचे
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला सक्रिय हो गया। एडीएम धीरेंद्र सिंह, एएसपी आशीष खरे, मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. अभय सिन्हा सहित पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे और घायलों के उपचार व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने जताया शोक
हादसे पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गहरा दुख व्यक्त किया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा-बैतूल राष्ट्रीय राजमार्ग पर टेमनी खुर्द के समीप हुई सड़क दुर्घटना अत्यंत दुखद है और उनकी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारों के साथ हैं।

मृतकों और घायलों के लिए सहायता राशि घोषित
मुख्यमंत्री ने पीड़ित परिवारों के लिए आर्थिक सहायता का भी ऐलान किया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि—
- मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये की सहायता राशि दी जाए।
- गंभीर घायलों को 1-1 लाख रुपये की आर्थिक मदद प्रदान की जाए।
- अन्य घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि दी जाए।
मुख्यमंत्री ने बाबा महाकाल से दिवंगत आत्माओं की शांति और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना भी की है।
हादसे की जांच शुरू
फिलहाल पुलिस और प्रशासन दुर्घटना के कारणों की जांच में जुटे हैं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार वाहन में क्षमता से अधिक मजदूर सवार थे, हालांकि हादसे की वास्तविक वजह जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और मजदूरों के सुरक्षित परिवहन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर गया है।
