Anmol Sandesh News Desk,अयोध्या
अयोध्या से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा चोरी मामले के बाद आज यानी 6 जुलाई को श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बेहद महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है। इस बैठक पर पूरे देश की नजरें टिकी हुई हैं, क्योंकि इसमें कई बड़े और निर्णायक फैसले लिए जा सकते हैं।Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra की यह बैठक दोपहर 3 बजे निर्धारित है, जिसे पहले मणिराम दास छावनी में होना था, लेकिन सुरक्षा कारणों और मीडिया से दूरी बनाए रखने के चलते अब इसे राम मंदिर परिसर के अंदर ही शिफ्ट कर दिया गया है।

क्यों है यह बैठक इतनी अहम?
राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा घोटाले को लेकर देशभर में गुस्से का माहौल है। अब तक इस मामले में एक दर्जन से अधिक गिरफ्तारियां हो चुकी हैं और जांच एजेंसियां आगे की कार्रवाई की तैयारी में हैं। इसी बीच यह ट्रस्ट की पहली बड़ी बैठक है, जिसमें पूरे विवाद पर मंथन किया जाएगा।
चंपत राय और अनिल मिश्रा पर बड़ा फैसला?
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा के इस्तीफे पर भी चर्चा होगी।
✔ बताया जा रहा है कि दोनों ने 26 जून को इस्तीफा दिया था
✔ दो-तिहाई बहुमत से इस्तीफा स्वीकार किए जाने की संभावना
✔ ट्रस्ट की संरचना में बड़े बदलाव भी संभव
कौन-कौन शामिल हो रहे हैं बैठक में?
इस हाई-प्रोफाइल बैठक में देशभर से कई प्रमुख धार्मिक और प्रशासनिक हस्तियां शामिल हो रही हैं:
- ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देवगिरी
- शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती
- युगपुरुष परमानंद महाराज
- मंदिर निर्माण समिति अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा (वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से)
- गृह सचिव और केंद्र सरकार के प्रतिनिधि (वीसी के जरिए)
- ट्रस्ट के अन्य वरिष्ठ सदस्य और धार्मिक प्रतिनिधि
इसके अलावा चंदा विवाद में शिकायत दर्ज कराने वाले कृष्ण मोहन भी बैठक स्थल पर मौजूद हैं।
क्या हो सकते हैं बड़े फैसले?
- चंदा विवाद पर आधिकारिक रुख
- ट्रस्ट में प्रशासनिक फेरबदल
- इस्तीफों पर अंतिम फैसला
- पारदर्शिता और जांच को लेकर नई व्यवस्था
देशभर की निगाहें टिकी
इस बैठक को केवल एक प्रशासनिक मीटिंग नहीं, बल्कि राम मंदिर ट्रस्ट के भविष्य और उसकी साख से जोड़कर देखा जा रहा है। अब देखना होगा कि आज की बैठक में क्या बड़े फैसले सामने आते हैं और क्या ट्रस्ट इस विवाद से बाहर निकलने की दिशा में कोई ठोस कदम उठाता है।
