Saturday, August 15, 2026
Homeअन्य राज्यMP News: अमृत मिशन में बड़ी कार्रवाई, लापरवाही पर 5 ठेकेदार ब्लैकलिस्ट,...

MP News: अमृत मिशन में बड़ी कार्रवाई, लापरवाही पर 5 ठेकेदार ब्लैकलिस्ट, अब नई टेंडर प्रक्रिया में नहीं ले सकेंगे हिस्सा

Anmol Sandesh News Desk, भोपाल

मध्य प्रदेश में अमृत मिशन की परियोजनाओं में धीमी रफ्तार और काम में लापरवाही को लेकर नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। जनहित से जुड़ी परियोजनाओं को तय समयसीमा में पूरा नहीं करने और अनुबंधीय शर्तों के मुताबिक प्रदर्शन नहीं करने पर 5 ठेकेदार फर्मों को ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है।यह कार्रवाई आयुक्त नगरीय प्रशासन एवं विकास संकते भोंडवे की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक के बाद की गई। बैठक में अमृत मिशन के तहत चल रहे अलग-अलग कार्यों की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई।

समीक्षा में सामने आई काम की धीमी रफ्तार

समीक्षा के दौरान कुछ परियोजनाओं में काम की प्रगति अपेक्षित स्तर पर नहीं मिली। कई जगहों पर ठेकेदार निर्धारित गति के अनुसार काम आगे नहीं बढ़ा रहे थे और तय समयसीमा में परियोजनाएं पूरी होने की स्थिति में नहीं थीं।बैठक में संबंधित नगरीय निकायों और ठेकेदारों का पक्ष भी सुना गया। इसके बाद विभाग ने लापरवाही बरतने वाली फर्मों के खिलाफ कार्रवाई का निर्णय लिया।

जनहित की परियोजनाओं में देरी बर्दाश्त नहीं

अधिकारियों ने साफ किया कि अमृत मिशन के तहत चल रहे कार्य सीधे आम लोगों की सुविधाओं से जुड़े हैं। ऐसे में परियोजनाओं में अनावश्यक देरी या अनुबंध में तय जिम्मेदारियों का पालन नहीं करना स्वीकार नहीं किया जाएगा।विभाग ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि परियोजनाओं की समयबद्धता, गुणवत्ता और अनुबंधीय शर्तों पर विशेष निगरानी रखी जाए और जहां भी लापरवाही मिले, वहां नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

इन 5 ठेकेदार फर्मों पर गिरी गाज

अमृत मिशन के कार्यों में अपेक्षित गति से काम नहीं करने के मामले में इन पांच फर्मों को ब्लैकलिस्ट किया गया है:

  1. जयप्सदी इंफ्राकॉन
  2. एलसी इंफ्रा, भोपाल
  3. दिनेशचंद्र आर. अग्रवाल इंफ्राकॉन, देवास
  4. इनविराड प्रोजेक्ट्स, सतना
  5. आर एंड बी इंफ्रा प्रोजेक्ट्स, पीथमपुर

विभाग के मुताबिक इन फर्मों के खिलाफ कार्रवाई का आधार परियोजनाओं में धीमी प्रगति और अनुबंधीय शर्तों के अनुरूप प्रदर्शन नहीं करना रहा।

अब नई निविदाओं में नहीं ले सकेंगे हिस्सा

ब्लैकलिस्ट किए जाने के बाद इन फर्मों के लिए सबसे बड़ा असर यह होगा कि वे नई निविदाओं और बोलियों में हिस्सा नहीं ले सकेंगी।सरकार की इस कार्रवाई का उद्देश्य केवल ठेकेदारों पर कार्रवाई करना नहीं, बल्कि यह संदेश देना भी है कि जनहित की परियोजनाओं में समयसीमा और गुणवत्ता से समझौता नहीं किया जाएगा।

अधूरे काम जल्द पूरे कराने के निर्देश

संबंधित नगरीय निकायों को निर्देश दिए गए हैं कि अनुबंध की शर्तों के मुताबिक अधूरे कार्यों को जल्द से जल्द पूरा कराया जाए।इसके साथ ही अमृत मिशन की परियोजनाओं की नियमित समीक्षा जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि:

  • परियोजनाओं की प्रगति पर लगातार नजर रहे।
  • काम तय समयसीमा में पूरा हो।
  • निर्माण की गुणवत्ता बनी रहे।
  • ठेकेदार अनुबंध की शर्तों का पालन करें।
  • आम जनता को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।

सरकार का साफ संदेश—काम में लापरवाही तो कार्रवाई तय

अमृत मिशन जैसी जनहित से जुड़ी योजनाओं में करोड़ों रुपये खर्च किए जाते हैं। ऐसे में काम की धीमी गति का सीधा असर आम लोगों पर पड़ता है। 5 ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई से विभाग ने स्पष्ट संकेत दिया है कि परियोजनाओं में देरी और लापरवाही को अब नजरअंदाज नहीं किया जाएगा।आने वाले दिनों में भी अमृत मिशन के तहत चल रहे कार्यों की समीक्षा होगी और जरूरत पड़ने पर जिम्मेदार ठेकेदारों व संबंधित एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।

 

Kanchan Sharma
Kanchan Sharma
कंचन शर्मा वर्तमान में दैनिक समाचार पत्र "अनमोल संदेश" में कार्यरत। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया,प्रिंट, न्यूज एजेंसी और डिजिटल पत्रकारिता में उनका लंबा अनुभव है, जिसमें उन्होंने रिपोर्टर और डेस्क पर विभिन्न भूमिकाओं में काम किया है।
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular