Anmol Sandesh News Desk, भोपाल
MP Weather Update: मध्य प्रदेश में पिछले 2-3 दिनों से कमजोर पड़ा मानसून अब एक बार फिर सक्रिय होने के संकेत दे रहा है। मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र, सक्रिय मानसून ट्रफ और पश्चिमी हिस्से में बने चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का नया दौर शुरू हो सकता है। शुक्रवार को दोपहर बाद कई इलाकों में बादल छाने और तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन समेत कई शहरों में पिछले कुछ दिनों से तेज धूप और उमस का असर देखने को मिला। अधिकतम तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। हालांकि, अब मौसम में बदलाव के संकेत हैं और अगले कुछ दिनों में कई जिलों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
12 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार सीधी, मऊगंज, रीवा, सतना, मैहर, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला, सिवनी, बालाघाट और छिंदवाड़ा में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन जिलों में करीब 64.5 मिमी से 115.5 मिमी तक बारिश होने की संभावना बताई गई है। बारिश के साथ कुछ स्थानों पर तेज हवाएं चलने और मौसम अचानक बदलने की स्थिति बन सकती है। ऐसे में ग्रामीण और खुले इलाकों में रहने वाले लोगों को मौसम पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
12 सितंबर से फिर बढ़ सकती है बारिश
मौसम सिस्टम के असर से 12 सितंबर से इंदौर, उज्जैन, जबलपुर और सागर संभाग के कुछ हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान है। यानी जिन इलाकों में पिछले कुछ दिनों से धूप और उमस का असर था, वहां फिर से बादल और बारिश देखने को मिल सकती है। विशेषकर दोपहर और शाम के समय मौसम में तेजी से बदलाव की संभावना बनी हुई है।
इन इलाकों में बारिश के आसार कम
दूसरी ओर भोपाल, रतलाम, उज्जैन, धार, इंदौर, अलीराजपुर, झाबुआ, बड़वानी, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, सीहोर, गुना, शाजापुर, विदिशा, आगर-मालवा, दतिया, मंदसौर, नीमच, शिवपुरी, ग्वालियर, अशोकनगर, निवाड़ी, भिंड, टीकमगढ़ और मुरैना में आज बारिश की संभावना कम बताई गई है।इन इलाकों में मौसम मुख्य रूप से साफ या आंशिक रूप से बादल वाला रह सकता है। हालांकि मानसून के दौरान स्थानीय मौसम में तेजी से बदलाव संभव है।
बाहर निकलने से पहले रखें मौसम का ध्यान
मौसम विभाग के अलर्ट वाले जिलों में रहने वाले लोगों को बारिश और तेज हवाओं के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी जाती है। वाहन चालकों को भी बारिश के समय सावधानी बरतने और जलभराव वाले रास्तों से बचने की जरूरत है।
