Anmol Sandesh News Desk,धमतरी
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में पर्यटन और आस्था को जोड़ने वाली एक बड़ी परियोजना पर काम तेज हो गया है। बहुप्रतीक्षित रुद्रेश्वर कॉरिडोर का AI आधारित विजन वीडियो जारी किया गया है, जिसमें भविष्य के भव्य मंदिर परिसर की झलक दिखाई गई है।इस विजन में महानदी के तट पर विशाल महादेव प्रतिमा, आकर्षक घाट, गंगा आरती की तर्ज पर धार्मिक आयोजन, चौड़े मार्ग, सुंदर उद्यान और पर्यटकों के लिए आधुनिक सुविधाओं का विस्तृत रूप प्रस्तुत किया गया है। परियोजना को उज्जैन के महाकाल कॉरिडोर की तर्ज पर विकसित किया जा रहा है।

कलेक्टर ने बताया परियोजना का विजन
कलेक्टर अविनाश मिश्रा ने बताया कि यह AI वीडियो केवल प्रारंभिक आर्किटेक्चरल विजन है, जिसका उद्देश्य यह दिखाना है कि पूरा होने के बाद रुद्रेश्वर धाम किस भव्य स्वरूप में नजर आएगा।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की पहल से धमतरी जिले को पर्यटन विकास की दिशा में एक बड़ी सौगात मिली है। पर्यटन विभाग, जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से यह परियोजना तेजी से आगे बढ़ रही है।
20 करोड़ रुपये की परियोजना
जानकारी के अनुसार, लगभग 20 करोड़ रुपये की लागत वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना को राज्य बजट में शामिल किया जा चुका है और जल्द ही इसकी औपचारिक स्वीकृति मिलने की उम्मीद है।
धार्मिक आस्था और पर्यटन का संगम
रुद्रेश्वर कॉरिडोर में न केवल भव्य मंदिर और घाट विकसित किए जाएंगे, बल्कि पर्यटकों के लिए होटल, विश्राम स्थल और आधुनिक सुविधाएं भी तैयार की जाएंगी।यह परियोजना धार्मिक पर्यटन केंद्र के रूप में धमतरी की पहचान बदलने की क्षमता रखती है।

गंगरेल-रुद्री बनेगा नया टूरिज्म क्लस्टर
अधिकारियों के अनुसार, इस परियोजना के पूरा होने के बाद गंगरेल और रुद्री क्षेत्र एक बड़े पर्यटन क्लस्टर के रूप में विकसित होंगे। इससे क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों में वृद्धि होगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
रोजगार और विकास को मिलेगा बढ़ावा
इस परियोजना से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है। होटल, परिवहन, गाइड सेवाओं और छोटे व्यापारों को भी इससे सीधा लाभ मिलेगा।प्रशासन का मानना है कि रुद्रेश्वर कॉरिडोर धमतरी को आने वाले वर्षों में एक प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थल के रूप में स्थापित करेगा।
