Anmol Sandesh News Desk, तेल अवीव
इजराइल और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बेहद गंभीर दावा किया है। नेतन्याहू ने सोमवार को सरकार समर्थक चैनल 14 को दिए एक इंटरव्यू में कहा कि ईरान ने उनके परिवार को निशाना बनाया और उनके दो बेटों में से एक की हत्या की कोशिश की थी। हालांकि, नेतन्याहू ने यह नहीं बताया कि उनके किस बेटे को निशाना बनाया गया, घटना कब हुई और हत्या की कथित कोशिश किस तरीके से की गई। उन्होंने अपने परिवार और दूसरे राजनीतिक नेताओं को मिल रही सुरक्षा का बचाव करते हुए कहा कि यह सुरक्षा किसी तरह का ‘ऐशोआराम’ नहीं, बल्कि मौजूदा सुरक्षा परिस्थितियों में जरूरी व्यवस्था है।
नेतन्याहू के दो बेटे कौन हैं?
बेंजामिन नेतन्याहू के दो बेटे हैं—याइर नेतन्याहू और अवनर नेतन्याहू। याइर बड़े बेटे हैं और सोशल मीडिया पर अपनी राजनीतिक टिप्पणियों और दक्षिणपंथी विचारों के लिए अक्सर चर्चा में रहते हैं। वे सरकार या संसद में किसी आधिकारिक पद पर नहीं हैं। अवनर छोटे बेटे हैं और इजराइल में रहते हैं, जबकि याइर पिछले कुछ वर्षों से ज्यादातर मियामी में रहने की खबरों में रहे हैं। नेतन्याहू ने अपने बयान में यह स्पष्ट नहीं किया कि कथित हत्या की कोशिश किस बेटे के खिलाफ हुई थी।

बेटे की सुरक्षा को लेकर पहले भी उठे सवाल
नेतन्याहू परिवार की सुरक्षा पहले से ही इजराइल में राजनीतिक बहस का विषय रही है। खासकर याइर को लेकर सवाल उठते रहे हैं कि विदेश में रहने वाले एक वयस्क व्यक्ति की सुरक्षा पर इजराइली सरकार कितना खर्च कर रही है। रिपोर्टों के मुताबिक 2018 से 2023 के बीच याइर, अवनर और उनकी मां सारा नेतन्याहू की सुरक्षा पर करीब 102 करोड़ रुपये खर्च होने की जानकारी सामने आई थी। इसी वजह से आलोचकों ने सरकार से सुरक्षा खर्च और उसकी जरूरत को लेकर सवाल किए।
नेतन्याहू की सुरक्षा में शिन बेट की बड़ी भूमिका
इजराइल की आंतरिक सुरक्षा एजेंसी शिन बेट (ISA) प्रधानमंत्री और उनके परिवार की सुरक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। सुरक्षा केवल प्रधानमंत्री की व्यक्तिगत सुरक्षा तक सीमित नहीं रहती, बल्कि उनके सरकारी और निजी आवासों को भी विशेष सुरक्षा व्यवस्था के तहत तैयार किया जाता है। इजराइल के स्टेट कंट्रोलर की 2024 की रिपोर्ट के अनुसार, दिसंबर 2022 से नवंबर 2023 के बीच नेतन्याहू के यरुशलम और कैसरिया स्थित निजी घरों की सुरक्षा पर करीब 2.68 करोड़ शेकेल, यानी लगभग ₹85.8 करोड़, खर्च हुए थे।रिपोर्ट के मुताबिक यरुशलम स्थित घर की बालकनी की खिड़कियों की सुरक्षा पर ही करीब 1.04 करोड़ शेकेल यानी ₹33 करोड़ से ज्यादा खर्च हुए। 7 अक्टूबर 2023 के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने नेतन्याहू और उनके परिवार के सामान्य निजी अपार्टमेंट में रहने को लेकर भी चिंता जताई थी।

चुनाव हारने के बाद भी जारी रहेगी सुरक्षा?
नेतन्याहू परिवार की सुरक्षा को लेकर विवाद का एक बड़ा कारण यह भी है कि सुरक्षा व्यवस्था केवल प्रधानमंत्री के पद तक सीमित नहीं रहने वाली है। आपके दिए विवरण के अनुसार, जुलाई 2026 में एक मंत्रीस्तरीय समिति ने नेतन्याहू और उनकी पत्नी सारा को जीवनभर सुरक्षा देने तथा दोनों बेटों को कम से कम 5 साल तक सुरक्षा देने का फैसला किया। इसका मतलब यह है कि अगर नेतन्याहू आगामी चुनाव हार भी जाते हैं, तब भी उन्हें और उनके परिवार को निर्धारित सुरक्षा मिलती रहेगी।
ट्रंप के बेटे को भी ईरानी टीवी पर धमकी का दावा
इजराइली प्रधानमंत्री के इस दावे के बीच अमेरिका से जुड़ा एक और मामला चर्चा में है। रिपोर्टों के मुताबिक ईरान के सरकारी टीवी पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बेटे बैरन ट्रंप को लेकर एक धमकी भरा कार्यक्रम प्रसारित किया गया था। बताया गया कि करीब तीन मिनट के कार्यक्रम में बैरन की सुरक्षा और उनसे जुड़े संभावित ठिकानों के बारे में जानकारी जुटाने की कोशिशों को दिखाया गया। रिपोर्ट के अनुसार कार्यक्रम में उनकी सोशल मीडिया गतिविधियों और आसपास रहने वाले लोगों से जुड़े विवरण को ग्राफिक्स के जरिए दिखाया गया और अमेरिकी सीक्रेट सर्विस की सुरक्षा व्यवस्था तक पहुंचने की बात कही गई। कार्यक्रम के अंत में बैरन को निशाना बनाने से जुड़े 1 करोड़ डॉलर के इनाम का भी जिक्र किए जाने का दावा है।

2024 में नेतन्याहू के निजी घर तक पहुंचा था ड्रोन
नेतन्याहू परिवार को सुरक्षा खतरे का एक बड़ा उदाहरण अक्टूबर 2024 में भी देखने को मिला था। लेबनान से छोड़ा गया एक ड्रोन इजराइल के कैसरिया शहर में स्थित नेतन्याहू के निजी आवास तक पहुंच गया था। घटना के समय नेतन्याहू और उनकी पत्नी घर पर नहीं थे, इसलिए किसी के घायल होने की सूचना नहीं थी। रिपोर्टों के अनुसार ड्रोन के टकराने से घर को नुकसान पहुंचा था। हिज्बुल्लाह ने बाद में इस हमले की जिम्मेदारी ली थी। इजराइल ने इसे प्रधानमंत्री और उनके परिवार को निशाना बनाने की कोशिश बताया था। नेतन्याहू ने उस समय भी आरोप लगाया था कि ईरान समर्थित समूह उन्हें और उनकी पत्नी को निशाना बनाना चाहते हैं।
ईरान-इजराइल तनाव में परिवार बने नया निशाना?
नेतन्याहू का ताजा दावा ऐसे समय सामने आया है जब इजराइल और ईरान के बीच तनाव बेहद गंभीर स्तर पर बना हुआ है। प्रधानमंत्री के परिवार को कथित तौर पर निशाना बनाने की कोशिश और ट्रंप परिवार से जुड़ी धमकियों के दावे ने सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ा दी है। हालांकि, नेतन्याहू के बेटे के खिलाफ कथित हत्या की कोशिश को लेकर घटना का समय, तरीका और लक्ष्य की पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है, इसलिए इस दावे से जुड़े अतिरिक्त तथ्यों का आधिकारिक रूप से सामने आना महत्वपूर्ण होगा।
पूरी खबर एक नजर में
* नेतन्याहू का दावा: ईरान ने उनके एक बेटे को निशाना बनाकर हत्या की कोशिश की।
* दो बेटे: याइर और अवनर नेतन्याहू।
* सुरक्षा एजेंसी: शिन बेट/इजराइली आंतरिक सुरक्षा एजेंसी।
* 2022-23 में निजी घरों की सुरक्षा: रिपोर्ट के अनुसार करीब ₹85.8 करोड़।
* ट्रंप परिवार: ईरानी सरकारी टीवी पर बैरन ट्रंप को लेकर धमकी भरे कार्यक्रम का दावा।
* 2024: नेतन्याहू के कैसरिया स्थित निजी आवास तक ड्रोन पहुंचा था।
* मुख्य सवाल: नेतन्याहू के किस बेटे को कब और किस तरीके से निशाना बनाने की कथित कोशिश हुई?
