Anmol Sandesh News Desk, नई दिल्ली।
Delhi-Noida Traffic Advisory: दिल्ली, नोएडा और ग्रेटर नोएडा के बीच सफर करने वाले लोगों के लिए ट्रैफिक से जुड़ी अहम खबर है। 9 अक्टूबर को नोएडा के सेक्टर-95 स्थित राष्ट्रीय दलित प्रेरणा स्थल पर कांशीराम परिनिर्वाण दिवस के कार्यक्रम के मद्देनजर यातायात व्यवस्था में बदलाव की जानकारी दी गई है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए गौतमबुद्धनगर यातायात पुलिस ने वाहन चालकों को निर्धारित मार्गों और वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करने की सलाह दी है। इस दौरान नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे, फिल्म सिटी फ्लाईओवर और दलित प्रेरणा स्थल के आसपास यातायात का दबाव बढ़ सकता है। ऐसे में दिल्ली की ओर जाने वाले और दिल्ली से नोएडा आने वाले यात्रियों को घर से निकलने से पहले अपने रूट की जानकारी जरूर लेनी चाहिए। खासकर ऑफिस जाने वाले लोगों, सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों और लंबी दूरी की यात्रा करने वालों को अतिरिक्त समय लेकर निकलने की सलाह दी जाती है।
कांशीराम परिनिर्वाण दिवस के कार्यक्रम से बदलेगा ट्रैफिक
नोएडा के सेक्टर-95 स्थित राष्ट्रीय दलित प्रेरणा स्थल पर आयोजित कार्यक्रम के कारण आसपास की सड़कों पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित होने की आशंका है। कार्यक्रम स्थल के गेट नंबर 4 और 5 के आसपास यातायात प्रबंधन के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। यातायात पुलिस के अनुसार, जरूरत के मुताबिक वाहनों को वैकल्पिक मार्गों पर भेजा जा सकता है। इसका असर नोएडा से दिल्ली जाने वाले प्रमुख मार्गों के साथ-साथ सेक्टर-18 और आसपास के व्यस्त चौराहों पर भी पड़ सकता है।
कहां-कहां रहेगा ट्रैफिक डायवर्जन? जानें वैकल्पिक रास्ते
- नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से दिल्ली जाने वाले
एक्सप्रेसवे के रास्ते दिल्ली की ओर जाने वाले वाहन चालकों को चरखा गोलचक्कर से गौशाला गोलचक्कर की ओर जाने वाले वैकल्पिक मार्ग का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है। मुख्य मार्ग पर यातायात का दबाव बढ़ने की स्थिति में इस रास्ते से सफर किया जा सकता है।
- महामाया फ्लाईओवर से सेक्टर-37 की ओर
महामाया फ्लाईओवर और सेक्टर-37 की दिशा में जाने वाले वाहन चालक यातायात पुलिस के निर्देशों के अनुसार वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करें। नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से आने वाले यात्रियों को मार्ग पर लगे ट्रैफिक संकेतों और पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करना चाहिए।
- कालिंदी कुंज से दिल्ली की ओर जाने वाले वाहन
कालिंदी कुंज की तरफ से आने वाले वाहन चालकों को चिल्ला बॉर्डर या डीएनडी की ओर जाने के लिए सेक्टर-37, अट्टा पीर चौक, रजनीगंधा चौक और सेक्टर-15 गोलचक्कर जैसे मार्गों का विकल्प दिया गया है। यात्रा शुरू करने से पहले मौजूदा ट्रैफिक स्थिति के अनुसार सही रास्ता चुनें।
- फिल्म सिटी फ्लाईओवर से सेक्टर-18 जाने वाले
दलित प्रेरणा स्थल के गेट नंबर 4 और 5 के आसपास यातायात दबाव को देखते हुए फिल्म सिटी फ्लाईओवर से सेक्टर-18 की ओर जाने वाले वाहनों को डायवर्ट किया जा सकता है। ऐसे वाहन सेक्टर-18, रजनीगंधा चौक, सेक्टर-15 गोलचक्कर या सेक्टर-18 अंडरपास से एलिवेटेड रोड की ओर जाने वाले निर्धारित विकल्पों का इस्तेमाल कर सकते हैं। मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों के निर्देशों को प्राथमिकता दें।
पार्किंग और आपातकालीन वाहनों को लेकर क्या व्यवस्था?
कार्यक्रम में आने वाले लोगों के लिए पार्किंग की व्यवस्था किए जाने की जानकारी दी गई है। वाहन चालकों को सलाह है कि वे निर्धारित पार्किंग स्थलों पर ही गाड़ियां खड़ी करें और सड़क किनारे या प्रतिबंधित क्षेत्रों में पार्किंग करने से बचें। यातायात प्रबंधन के दौरान एंबुलेंस, दमकल और अन्य आपातकालीन सेवाओं के वाहनों की आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए व्यवस्था रखे जाने की जानकारी भी दी गई है। आम लोगों से अपील है कि वे आपातकालीन वाहनों को रास्ता दें और अनावश्यक रूप से सड़क पर वाहन न रोकें।
जाम से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
- घर से निकलने से पहले अपने गंतव्य तक जाने वाले रास्ते की ट्रैफिक स्थिति जांच लें।
- नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे और सेक्टर-95 के आसपास अतिरिक्त समय लेकर निकलें।
- ट्रैफिक पुलिस द्वारा बताए गए वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें।
- सड़क पर लगे संकेतों और पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करें।
- कार्यक्रम स्थल के आसपास अनधिकृत पार्किंग से बचें।
- ताजा अपडेट के लिए गौतमबुद्धनगर ट्रैफिक पुलिस के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट और स्थानीय यातायात सूचनाओं पर नजर रखें।
दिल्ली-नोएडा आने-जाने वालों के लिए जरूरी सलाह
कांशीराम परिनिर्वाण दिवस के कार्यक्रम के कारण यातायात व्यवस्था में बदलाव की आशंका को देखते हुए वाहन चालकों को अपनी यात्रा की योजना पहले से बनाने की जरूरत है। खासकर दिल्ली, नोएडा और ग्रेटर नोएडा के बीच रोजाना आने-जाने वाले लोग वैकल्पिक रास्तों की जानकारी लेकर निकलें, ताकि रास्ते में अनावश्यक देरी से बचा जा सके।
