Anmol Sandesh News Desk, भोपाल।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर सियासत तेज हो गई है। ओवैसी 15 सितंबर 2026 को भोपाल पहुंचेंगे और शाम करीब 7:30 बजे सेंट्रल लाइब्रेरी मैदान में जनसभा को संबोधित करने वाले हैं। हालांकि, कार्यक्रम से पहले ही मुस्लिम त्योहार कमेटी, भोपाल ने प्रशासन से इसकी अनुमति तत्काल रद्द करने की मांग की है।
‘भोपाल की गंगा-जमुनी तहजीब के लिए जरूरी’
मुस्लिम त्योहार कमेटी का कहना है कि भोपाल की गंगा-जमुनी तहजीब और सामाजिक सौहार्द को बनाए रखना जरूरी है। कमेटी ने आशंका जताई है कि कार्यक्रम में दिए जाने वाले कुछ बयानों से धार्मिक भावनाएं आहत हो सकती हैं और शहर की कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। कमेटी ने यह भी सवाल उठाया कि जिस सेंट्रल लाइब्रेरी परिसर में कार्यक्रम की अनुमति दी गई है, वहां गणेशोत्सव के दौरान धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन भी हो रहे हैं। ऐसे में कार्यक्रम की अनुमति पर प्रशासन को पुनर्विचार करना चाहिए।


टी. राजा सिंह का उदाहरण देकर उठाया सवाल
कमेटी ने प्रशासन की अनुमति प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए विधायक टी. राजा सिंह के कार्यक्रम का उदाहरण दिया। कमेटी का कहना है कि यदि किसी कार्यक्रम को कानून-व्यवस्था बिगड़ने की आशंका के आधार पर अनुमति नहीं दी जाती है, तो इसी तरह के मानदंड सभी आयोजनों पर समान रूप से लागू होने चाहिए। इसी आधार पर कमेटी ने ओवैसी के 15 सितंबर के प्रस्तावित कार्यक्रम की अनुमति वापस लेने का आग्रह किया है।
‘अनुमति मिले तो कानून का सख्ती से पालन हो’
मुस्लिम त्योहार कमेटी ने कहा है कि यदि प्रशासन कार्यक्रम की अनुमति बरकरार रखता है तो आयोजन के दौरान लागू कानूनों और प्रशासनिक दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। कमेटी ने मांग की है कि यदि किसी भाषण या वक्तव्य से किसी समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत होती हैं अथवा सार्वजनिक शांति और कानून-व्यवस्था प्रभावित होती है, तो उसके खिलाफ तत्काल वैधानिक कार्रवाई की जाए।
15 सितंबर को भोपाल पहुंचेंगे ओवैसी
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार असदुद्दीन ओवैसी 15 सितंबर को दोपहर करीब 2:30 बजे राजा भोज एयरपोर्ट पहुंचेंगे। इसके बाद शाम 7:30 बजे सेंट्रल लाइब्रेरी मैदान में जनसभा को संबोधित करने का कार्यक्रम है।फिलहाल ओवैसी के कार्यक्रम को लेकर प्रशासन का अंतिम रुख और आगे की कार्रवाई महत्वपूर्ण रहेगी। भोपाल में कार्यक्रम की अनुमति को लेकर उठे इस विवाद के बीच सभी की नजर प्रशासन के अगले कदम पर है।
