Anmol Sandesh News Desk,तेहरान/वॉशिंगटन
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक कथित ‘रिवेंज लिस्ट’ ने दुनिया भर में हलचल पैदा कर दी है। ईरान के एक अखबार ‘हमशहरी’ में प्रकाशित एक इन्फोग्राफिक में दावा किया गया है कि 13 अंतरराष्ट्रीय नेताओं और अधिकारियों को ईरान की हिट लिस्ट में शामिल किया गया है।हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि यह सूची ईरान सरकार की आधिकारिक सूची है या नहीं। अभी तक इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि भी नहीं हुई है।

ट्रंप और नेतन्याहू समेत कई बड़े नाम
रिपोर्ट के अनुसार, इस कथित सूची में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर, इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी और जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज़ समेत कई बड़े नेताओं के नाम शामिल होने का दावा किया गया है।इसके अलावा अमेरिका और इजरायल के कुछ वरिष्ठ अधिकारियों के नाम भी इस सूची में होने की बात कही जा रही है।
क्यों सामने आई ‘रिवेंज लिस्ट’?
यह लिस्ट ऐसे समय सामने आई है जब ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई ने अपने पहले सार्वजनिक संदेश में अपने पिता और पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत का बदला लेने की बात कही है।हालांकि, उन्होंने अपने बयान में किसी व्यक्ति या देश का नाम नहीं लिया।
यूरोपीय नेताओं को क्यों बनाया गया निशाना?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान समर्थक पक्ष का आरोप है कि कुछ यूरोपीय देशों ने अमेरिका और इजरायल की कार्रवाई का विरोध नहीं किया और कुछ देशों ने अमेरिकी सैन्य गतिविधियों में सहयोग किया।इसी वजह से कथित सूची में यूरोप के कुछ नेताओं के नाम शामिल किए जाने की बात कही जा रही है।
अमेरिका-ईरान तनाव चरम पर
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। होर्मुज़ जलडमरूमध्य के आसपास सैन्य गतिविधियां तेज होने की खबरें सामने आई हैं।दोनों देशों के बीच बढ़ते टकराव को लेकर संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने भी चेतावनी दी है कि अगर संघर्ष बढ़ता है तो इसका असर केवल मध्य पूर्व तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है।फिलहाल दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि ईरान-अमेरिका तनाव आगे किस दिशा में जाता है।
