Anmol Sandesh News Desk, ग्वालियर
ग्वालियर नगर निगम मुख्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई उस समय चर्चा में आ गई, जब वार्ड 27 के पूर्व पार्षद बृजेश गुप्ता ढोलक लेकर पहुंच गए। उन्होंने जनसुनवाई स्थल पर रामधुन गाते हुए शहर की मूलभूत सुविधाओं को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया। ढोलक और रामधुन के जरिए उन्होंने नगर निगम का ध्यान सड़क, पानी, सीवर, नाली और कचरा उठाव जैसी समस्याओं की ओर खींचने की कोशिश की। गुप्ता ने अधिकारियों को अलग-अलग समस्याओं से जुड़े आवेदन सौंपे और आरोप लगाया कि शहर के कई इलाकों में लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं की स्थिति खराब है। उनका कहना था कि जनता लगातार समस्याएं बता रही है, लेकिन समाधान की रफ्तार अपेक्षा के अनुरूप नहीं है।
सड़कें बनीं परेशानी का कारण, गड्ढों पर उठे सवाल
पूर्व पार्षद ने शहर की सड़कों की स्थिति को लेकर सबसे ज्यादा नाराजगी जताई। उनका आरोप है कि ग्वालियर के कई हिस्सों में सड़कें टूट चुकी हैं और जगह-जगह बड़े गड्ढे लोगों के लिए परेशानी का कारण बने हुए हैं। उन्होंने दावा किया कि खराब सड़कों के कारण वाहन चालकों को परेशानी होती है और कई स्थानों पर दुर्घटना का खतरा बना रहता है। गुप्ता के अनुसार, कुछ इलाकों में सड़क निर्माण या मरम्मत का काम लंबे समय से लंबित है।
सीवर का गंदा पानी सड़कों पर बहने का आरोप
जनसुनवाई में सीवर व्यवस्था को लेकर भी शिकायत दर्ज कराई गई। गुप्ता ने आरोप लगाया कि कई इलाकों में सीवर जाम होने के कारण गंदा पानी सड़कों पर बहता है। उनका कहना था कि बारिश या सीवर लाइन की समस्या के दौरान स्थिति और खराब हो जाती है। उन्होंने नगर निगम से सीवर लाइनों की नियमित सफाई और जाम की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की।
नालियों की सफाई और कचरा उठाव भी मुद्दा
पूर्व पार्षद ने नालियों की सफाई और कचरा उठाव की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि कुछ क्षेत्रों में नियमित सफाई नहीं होने के कारण गंदगी की समस्या बनी रहती है। उन्होंने कहा कि शहर की स्वच्छता व्यवस्था केवल अभियान चलाने तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि वार्ड स्तर पर नियमित निगरानी और समय पर कचरा उठाव सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
बिजली के खंभों पर निजी कंपनियों के तारों को लेकर सवाल
गुप्ता ने बिजली के खंभों पर निजी कंपनियों की ओर से लगाए गए तारों को लेकर भी सवाल उठाया। उन्होंने पूछा कि इन तारों को लगाने के लिए किस विभाग या अधिकारी से अनुमति ली गई है। उन्होंने निगम और संबंधित विभागों से इस संबंध में स्थिति स्पष्ट करने तथा नियमों के अनुसार कार्रवाई की मांग की।
मुरार सहित कई क्षेत्रों में सड़क निर्माण लंबित होने का दावा
पूर्व पार्षद के मुताबिक मुरार समेत ग्वालियर के कई क्षेत्रों में सड़क निर्माण और मरम्मत का काम लंबे समय से प्रभावित है। उन्होंने दावा किया कि कुछ स्थानों पर चार-पांच साल से विकास कार्य अटके हुए हैं। उनका कहना था कि सड़कें खुदी रहने या लंबे समय तक खराब स्थिति में होने से स्थानीय निवासियों के साथ-साथ रोजाना आने-जाने वाले लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है। गुप्ता ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों पर भी जनता की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया। हालांकि, ये आरोप पूर्व पार्षद की ओर से लगाए गए हैं और संबंधित जनप्रतिनिधियों का पक्ष इस शिकायत में सामने नहीं आया है।
पीएम आवास में दो-दो फ्लैट आवंटन की शिकायत
जनसुनवाई में महलगांव के पीछे पहाड़ी क्षेत्र में बने प्रधानमंत्री आवासों को लेकर भी शिकायत पहुंची। शिकायतकर्ता सत्यपाल सिंह ने आरोप लगाया कि कुछ लोगों को नियमों के विपरीत दो-दो फ्लैट आवंटित किए गए हैं। सिंह ने इस मामले में नगर निगम के कुछ अधिकारी-कर्मचारियों समेत अन्य लोगों की भूमिका होने की आशंका जताई। उन्होंने दावा किया कि उनके पास ऐसे लाभार्थियों के नाम मौजूद हैं और वह जल्द ही उन्हें सार्वजनिक करेंगे। हालांकि, दो-दो फ्लैट आवंटित किए जाने के आरोपों की अभी जांच होना बाकी है। निगम ने भी शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए जांच कराने की बात कही है।
निगम ने कहा- शिकायत सामान्य, फिर भी कराएंगे जांच
नगर निगम के अपर आयुक्त मुनीष सिकरवार ने बताया कि पीएम आवास से संबंधित एक से अधिक फ्लैट आवंटित होने की शिकायत प्राप्त हुई है। शिकायतकर्ता से किसी एक व्यक्ति का नाम या स्पष्ट उदाहरण उपलब्ध कराने को कहा गया था, लेकिन शिकायत सामान्य रूप से की गई। इसके बावजूद निगम मामले की जांच कराएगा। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
कॉलोनी में सड़क-पानी की सुविधा को लेकर भी शिकायत
जनसुनवाई में काउंटिंग प्लस सोसायटी के निवासी राकेश तोमर ने भी अपनी कॉलोनी की समस्याएं अधिकारियों के सामने रखीं। उन्होंने शिकायत में बताया कि कॉलोनी में लंबे समय से सड़क और पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं की कमी है। रहवासियों की ओर से बिल्डर के समक्ष कई बार समस्या रखे जाने के बावजूद समाधान नहीं होने का आरोप लगाया गया। रहवासियों ने नगर निगम से हस्तक्षेप कर जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की।
बजट के अनुसार विकास कार्य कराने का निगम का आश्वासन
अपर आयुक्त मुनीष सिकरवार ने बताया कि पूर्व पार्षद की ओर से उठाई गई शिकायतों पर संबंधित अधिकारियों से चर्चा की गई है। सड़क और पानी से जुड़ी समस्याओं को लेकर काम की प्रक्रिया चलने की बात भी उन्होंने कही। उन्होंने बताया कि शताब्दीपुरम सहित अन्य क्षेत्रों के लिए विकास कार्यों के प्रोजेक्ट तैयार किए जा रहे हैं। उपलब्ध बजट और प्राथमिकताओं के आधार पर विकास कार्य कराए जाएंगे। हालांकि, निगम के इस आश्वासन से पूर्व पार्षद बृजेश गुप्ता संतुष्ट नजर नहीं आए और उन्होंने जनसुनवाई स्थल पर अपना विरोध जारी रखा।
जनसुनवाई बनी जनता की समस्याओं का मंच
ग्वालियर निगम की जनसुनवाई में सामने आए मामलों ने शहर की बुनियादी सुविधाओं से जुड़े कई मुद्दों को एक साथ सामने ला दिया। एक ओर पूर्व पार्षद ने प्रतीकात्मक तरीके से रामधुन और ढोलक के जरिए विरोध दर्ज कराया, वहीं दूसरी ओर नागरिकों ने सड़क, पानी और आवास से जुड़ी शिकायतें अधिकारियों तक पहुंचाईं। अब निगाह इस बात पर रहेगी कि शिकायतों की जांच और प्रशासनिक आश्वासनों के बाद जमीनी स्तर पर कितनी जल्दी समाधान दिखाई देता है। खासकर पीएम आवास से जुड़ी शिकायत में जांच के निष्कर्ष यह तय करेंगे कि लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है और यदि अनियमितता मिलती है तो जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होती है।
मुख्य मुद्दे एक नजर में
- ढोलक लेकर जनसुनवाई में पहुंचे पूर्व पार्षद
- रामधुन गाकर जताया शहर की व्यवस्थाओं पर विरोध
- सड़क और गड्ढों की समस्या उठाई
- सीवर का गंदा पानी सड़कों पर बहने का आरोप
- नालियों की सफाई और कचरा उठाव पर सवाल
- निजी कंपनियों के तारों को लेकर अनुमति पर सवाल
- मुरार सहित कई क्षेत्रों में सड़क कार्य लंबित होने का दावा
- पीएम आवास में दो-दो फ्लैट आवंटन की शिकायत
- काउंटिंग प्लस सोसायटी में सड़क-पानी की समस्या
- निगम ने जांच और बजट के अनुसार विकास कार्य का दिया आश्वासन
