Anmol Sandesh News Desk,प्रयागराज/लखनऊ
माफिया अतीक अहमद के बेटे अबान की मौत के बाद अंतिम संस्कार में शामिल होने आए उसके भाई मोहम्मद उमर को जब पुलिस वापस लखनऊ जेल ले जा रही थी, तो पुलिस के काफिले के पीछे करीब 30 गाड़ियों का काफिला भी चल रहा था। अब इसी काफिले को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है।आरोप है कि 8 अगस्त 2026 की रात करीब 3:50 बजे नवाबगंज टोल प्लाजा पर इन वाहनों के चालकों ने टोल देने से इनकार किया और कर्मचारियों के साथ कथित तौर पर विवाद किया। शिकायत के मुताबिक, मामला इतना बढ़ गया कि टोल बैरियर तोड़कर वाहन आगे निकल गए।
टोल कर्मचारियों से विवाद, धमकी देने का आरोप
टोल प्लाजा के असिस्टेंट मैनेजर जयप्रकाश यादव की शिकायत के अनुसार, जब कर्मचारियों ने वाहनों से टोल मांगा तो कुछ लोगों ने कथित तौर पर गाली-गलौज शुरू कर दी।शिकायत में आरोप है कि रोकने की कोशिश करने पर जान से मारने की धमकी दी गई और टोल का गेट तोड़ते हुए वाहन आगे बढ़ गए।इतना ही नहीं, शिकायत में कुछ वाहनों से टोल कर्मचारियों को कुचलने की कोशिश किए जाने का भी गंभीर आरोप लगाया गया है। इससे टोल बैरियर को नुकसान पहुंचने और राजस्व की क्षति की बात भी कही गई है।
कई गाड़ियों के नंबर पुलिस को सौंपे
टोल प्रबंधन ने पुलिस को दी गई शिकायत में कई वाहनों के नंबर भी उपलब्ध कराए हैं। इनमें UP32 NJ 1458, UP70 HP 8416, UP32 QC 0072, UP32 EZ 2056, UP70 HB 1786, UP70 DL 6 CT 9370, UP60 AV 5378, UP70 HX 3080 और UP70 GV 2525 समेत अन्य वाहन शामिल बताए गए हैं।मामले में 28 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस अब शिकायत में लगाए गए आरोपों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
अब काफिले पर उठ रहे सवाल
एक तरफ जेल में बंद मोहम्मद उमर को पुलिस सुरक्षा में वापस ले जाया जा रहा था, वहीं उसके पीछे चल रहे वाहनों को लेकर सामने आए इस विवाद ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।टोल पर बैरियर तोड़ने, कर्मचारियों से विवाद और धमकी के आरोपों की जांच अब पुलिस के सामने बड़ी चुनौती है।
