Monday, June 15, 2026
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अयोध्या राम मंदिर दान विवाद सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, CJI को पत्र लिखकर निष्पक्ष जांच की मांग

Anmol Sandesh News Desk, अयोध्या/नई दिल्ली

अयोध्या स्थित राम मंदिर में श्रद्धालुओं के चढ़ावे और दान राशि को लेकर उठे कथित अनियमितताओं के आरोप अब देश की सर्वोच्च अदालत तक पहुंच गए हैं। मामले को लेकर भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) को पत्र लिखकर स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है। पिछले एक सप्ताह से यह मामला राजनीतिक और सामाजिक गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ है।याचिका में आरोप लगाया गया है कि मंदिर में प्राप्त दान राशि के प्रबंधन और उसके उपयोग को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। पत्र में मांग की गई है कि मामले की जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी या सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में कराई जाए, ताकि पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सके और श्रद्धालुओं का भरोसा बरकरार रहे।

दान राशि में अनियमितताओं के आरोपों से बढ़ा विवाद

विवाद तब शुरू हुआ जब मंदिर में प्राप्त दान राशि और चढ़ावे को लेकर कथित अनियमितताओं तथा करोड़ों रुपये के गबन के आरोप सामने आए। आरोपों के बाद मामला तेजी से सुर्खियों में आ गया और विपक्षी दलों ने भी इस मुद्दे को लेकर सवाल उठाने शुरू कर दिए।बढ़ते विवाद को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) का गठन कर जांच शुरू कर दी है। SIT को वित्तीय लेन-देन, चढ़ावे की राशि और धन के प्रवाह से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

विपक्ष ने उठाए निष्पक्ष जांच के सवाल

कुछ विपक्षी नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि केवल SIT जांच पर्याप्त नहीं है। उनका तर्क है कि मामला करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा हुआ है, इसलिए जांच पूरी तरह स्वतंत्र एजेंसी से कराई जानी चाहिए।याचिकाकर्ताओं का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच होने से पारदर्शिता सुनिश्चित होगी और किसी भी प्रकार के पक्षपात की आशंका समाप्त हो जाएगी।

राम मंदिर ट्रस्ट ने आरोपों को किया खारिज

राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े पदाधिकारियों ने दान राशि में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी के आरोपों को खारिज किया है। ट्रस्ट का कहना है कि मंदिर में आने वाले चढ़ावे और दान की राशि का नियमित ऑडिट कराया जाता है और सभी प्रक्रियाएं तय नियमों के अनुसार संचालित होती हैं।ट्रस्ट ने यह भी स्पष्ट किया है कि वह किसी भी निष्पक्ष जांच का स्वागत करता है और तथ्यों को सामने लाने के पक्ष में है।

चंपत राय ने दी सफाई

राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने 12 जून को एक वीडियो जारी कर आरोपों पर प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट समय-समय पर चढ़ावे की राशि का ऑडिट कराता है और वित्तीय लेन-देन में किसी प्रकार की अनियमितता नहीं पाई गई है।उन्होंने कहा कि मंदिर प्रबंधन पूरी पारदर्शिता के साथ काम कर रहा है और श्रद्धालुओं के विश्वास को बनाए रखना ट्रस्ट की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

FIR दर्ज नहीं, जांच जारी

सूत्रों के अनुसार, ट्रस्ट अपने स्तर पर कैश वेरिफिकेशन और आंतरिक जांच की कार्रवाई कर रहा है। हालांकि अब तक इस मामले में कोई औपचारिक FIR दर्ज नहीं कराई गई है। वहीं SIT की जांच जारी है और आने वाले दिनों में इस मामले में और तथ्य सामने आने की संभावना है।फिलहाल पूरे देश की नजरें जांच एजेंसियों की कार्रवाई और संभावित न्यायिक हस्तक्षेप पर टिकी हुई हैं।

Kanchan Sharma
Kanchan Sharma
कंचन शर्मा वर्तमान में दैनिक समाचार पत्र "अनमोल संदेश" में कार्यरत। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया,प्रिंट, न्यूज एजेंसी और डिजिटल पत्रकारिता में उनका लंबा अनुभव है, जिसमें उन्होंने रिपोर्टर और डेस्क पर विभिन्न भूमिकाओं में काम किया है।
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