Anmol Sandesh News Desk, रायपुर
छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदेश में एक साथ 10 नए संक्रमित मरीज सामने आने के बाद कुल मरीजों की संख्या 105 से बढ़कर 115 हो गई है। वहीं उपचाररत यानी एक्टिव मरीजों का आंकड़ा भी बढ़कर 28 पहुंच गया है। इससे स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। राजधानी रायपुर में भी संक्रमण के नए मामले सामने आए हैं। यहां 3 नए मरीज मिलने के बाद कुल संक्रमितों की संख्या 51 से बढ़कर 54 हो गई है। राजधानी में एक्टिव केस भी 6 से बढ़कर 9 हो गए हैं।
रायपुर में सबसे ज्यादा मामले
राज्य में सामने आए कुल मामलों में रायपुर सबसे आगे है। राजधानी में अब तक 54 मरीजों में H1N1 संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है। इनमें 9 मरीज फिलहाल उपचाराधीन हैं। स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में मरीजों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। नए मामले सामने आने के बाद संबंधित मरीजों के संपर्क में आए लोगों की जानकारी जुटाकर आवश्यक सावधानी बरती जा रही है।
दुर्ग में भी बढ़े संक्रमित
दुर्ग जिले में भी संक्रमण ने रफ्तार पकड़ी है। यहां 3 नए मरीज मिलने के बाद कुल संक्रमितों की संख्या 7 से बढ़कर 10 हो गई है। दुर्ग में एक्टिव मरीजों की संख्या भी 2 से बढ़कर 5 हो गई है। यानी जिले में मिले संक्रमितों में आधे मरीज फिलहाल उपचाररत हैं।
नए जिलों में भी पहुंचा संक्रमण
स्वाइन फ्लू अब उन जिलों में भी सामने आया है, जहां पहले इस संक्रमण के मामले दर्ज नहीं किए गए थे। बलौदाबाजार-भाटापारा, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और उत्तर बस्तर कांकेर में एक-एक नए मरीज की पुष्टि हुई है। तीनों जिलों में मिले मरीज फिलहाल एक्टिव केस हैं। नए जिलों में संक्रमण की दस्तक स्वास्थ्य विभाग के लिए महत्वपूर्ण संकेत है, क्योंकि इससे संक्रमण का भौगोलिक दायरा बढ़ता दिखाई दे रहा है।
इन जिलों में भी मरीज उपचाराधीन
स्वाइन फ्लू के मामले प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी सामने आ चुके हैं। धमतरी में अब तक 7 संक्रमित मरीज मिल चुके हैं, जिनमें 4 एक्टिव हैं।कोरबा में कुल 5 संक्रमित मरीज सामने आए हैं, जिनमें 1 का इलाज चल रहा है। बेमेतरा में 3 संक्रमित मरीजों की पुष्टि हुई है और इनमें 1 मरीज फिलहाल उपचाराधीन है। स्वास्थ्य विभाग इन जिलों में भी मरीजों की निगरानी और संक्रमण से जुड़े मामलों पर नजर रख रहा है।
केंद्रीय जेल से जुड़े अधिकारी भी संक्रमित
रायपुर स्थित केंद्रीय जेल से जुड़े एक अधिकारी में भी H1N1 संक्रमण की पुष्टि हुई है। अधिकारी का इलाज राजधानी के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। जानकारी के अनुसार अधिकारी अपने परिवार के साथ कांकेर गए थे। वहां उनकी तबीयत बिगड़ने लगी और उन्हें बुखार, सर्दी तथा सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण महसूस हुए। जांच कराने पर स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने अधिकारी के परिवार के सदस्यों की कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग पूरी कर ली है। फिलहाल परिवार के अन्य सदस्यों के स्वस्थ होने की जानकारी है।
क्या है H1N1 और क्यों सावधानी जरूरी?
स्वाइन फ्लू को H1N1 इन्फ्लुएंजा वायरस से होने वाला संक्रमण माना जाता है। इसके सामान्य लक्षणों में बुखार, खांसी, गले में खराश, नाक बहना, शरीर में दर्द और कमजोरी शामिल हो सकती है। कुछ मरीजों में सांस लेने में परेशानी जैसे गंभीर लक्षण भी विकसित हो सकते हैं। विशेष रूप से बुजुर्गों, छोटे बच्चों, गर्भवती महिलाओं और पहले से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं वाले लोगों में फ्लू जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
लोगों को क्या सावधानी रखनी चाहिए?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सामान्य सलाह के मुताबिक फ्लू जैसे लक्षण दिखाई देने पर भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचना चाहिए और दूसरों से पर्याप्त दूरी बनाए रखनी चाहिए। खांसते या छींकते समय मुंह और नाक को ढकना, हाथों की साफ-सफाई रखना और बीमार व्यक्ति के संपर्क में आने के बाद सावधानी बरतना संक्रमण के प्रसार को कम करने में मदद कर सकता है। अगर तेज बुखार, सांस लेने में परेशानी या लक्षण लगातार बने रहें, तो डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है। बिना चिकित्सकीय सलाह के दवा लेना उचित नहीं है।
प्रदेश में स्वाइन फ्लू की स्थिति एक नजर में
- कुल संक्रमित: 115
- नए मामले: 10
- एक्टिव मरीज: 28
- रायपुर में कुल संक्रमित: 54
- रायपुर में एक्टिव केस: 9
- दुर्ग में कुल संक्रमित: 10
- दुर्ग में एक्टिव केस: 5
- नए प्रभावित जिले: बलौदाबाजार-भाटापारा, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और कांकेर
संक्रमण बढ़ने के बीच सतर्कता जरूरी
छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू के 10 नए मामलों के साथ कुल संक्रमितों का आंकड़ा 115 और एक्टिव केस 28 तक पहुंच गया है। रायपुर और दुर्ग में मामलों में बढ़ोतरी के साथ नए जिलों में संक्रमण की दस्तक ने स्वास्थ्य विभाग के सामने चुनौती बढ़ा दी है। ऐसे में लोगों के लिए जरूरी है कि फ्लू जैसे लक्षणों को हल्के में न लें और स्वास्थ्य विभाग की सलाह के अनुसार सावधानी बरतें।
