Anmol Sandesh News Desk,भोपाल
भारतीय जनसंघ के संस्थापक Syama Prasad Mookerjee के बलिदान दिवस पर मंगलवार को राजधानी भोपाल में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री Mohan Yadav और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष Hemant Khandelwal ने प्रदेश भाजपा कार्यालय के सामने स्थापित डॉ. मुखर्जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की।
“देश का विभाजन भारत के इतिहास की बड़ी भूल”
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आजादी के समय हुआ देश का विभाजन भारतीय इतिहास की सबसे बड़ी भूलों में से एक था। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के साथ ही विभाजन की त्रासदी भी देश को झेलनी पड़ी, जिसमें हजारों लोगों ने अपने प्राण गंवाए।मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने देश के विभाजन और राष्ट्र विरोधी षड्यंत्रों के खिलाफ मजबूती से आवाज उठाई थी। भारत की एकता और अखंडता के लिए उनका बलिदान सदैव याद रखा जाएगा।
“एक देश में दो विधान” के खिलाफ संघर्ष
मुख्यमंत्री ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में लागू “एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान” जैसी व्यवस्था के खिलाफ डॉ. मुखर्जी ने ऐतिहासिक संघर्ष किया था। देश की एकता और समान व्यवस्था के लिए उनका योगदान अविस्मरणीय है।उन्होंने कहा कि आज देश में राष्ट्रवाद और अखंडता की जो भावना दिखाई देती है, उसमें डॉ. मुखर्जी के विचारों और संघर्ष की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
UCC पर मिले 10 लाख से अधिक सुझाव
मुख्यमंत्री ने समान नागरिक संहिता (UCC) का उल्लेख करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश सरकार सभी वर्गों और धर्मों के लोगों की भागीदारी से इस दिशा में आगे बढ़ रही है।उन्होंने बताया कि UCC को लेकर प्रदेश सरकार को अब तक 10 लाख से अधिक सुझाव प्राप्त हो चुके हैं। सरकार सभी सुझावों का अध्ययन कर व्यापक सहमति के साथ आगे बढ़ रही है।
“सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास”
डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार का मूल मंत्र “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” है। मध्य प्रदेश डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के आदर्शों को आत्मसात करते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता और सामाजिक समरसता को मजबूत बनाने के लिए निरंतर कार्य करता रहेगा।
23 जून से 6 जुलाई तक चलेंगे विशेष कार्यक्रम
भाजपा द्वारा डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान दिवस (23 जून) से लेकर उनकी जयंती (6 जुलाई) तक प्रदेशभर में विशेष कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की जाएगी।
बूथ स्तर पर पुष्पांजलि कार्यक्रम
प्रदेश के सभी बूथों पर कार्यकर्ताओं, प्राथमिक सदस्यों और समर्थकों की उपस्थिति में पुष्पांजलि कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान डॉ. मुखर्जी के जीवन, विचारों और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर चर्चा होगी।
जिला कार्यकर्ता सम्मेलन
सभी जिलों में कार्यकर्ता सम्मेलनों का आयोजन किया जाएगा, जिसमें उनके सामाजिक, राजनीतिक और वैचारिक योगदान पर विस्तृत चर्चा होगी।
छात्र सम्मेलन
प्रमुख शैक्षणिक केंद्रों में छात्र सम्मेलनों का आयोजन होगा। इन कार्यक्रमों की जिम्मेदारी भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) को सौंपी गई है।
नामकरण और प्रतिमा अनावरण
प्रदेश के विभिन्न शहरों और नगरों में प्रमुख मार्गों, उद्यानों और चौराहों का नामकरण डॉ. मुखर्जी के नाम पर किया जाएगा। कई स्थानों पर उनकी प्रतिमाओं और चित्रों का अनावरण भी प्रस्तावित है।
बूथ स्तर पर वृक्षारोपण अभियान
मानसून को देखते हुए प्रदेशभर में बूथ स्तर पर बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण अभियान भी चलाया जाएगा, जिसे संस्मरण पक्ष का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया गया है।
कार्यक्रम संचालन के लिए विशेष टोलियां गठित
इन कार्यक्रमों के सफल संचालन के लिए प्रदेश स्तर पर 5 सदस्यीय, जिला स्तर पर 4 सदस्यीय और मंडल स्तर पर 3 सदस्यीय टोलियों का गठन किया जाएगा। कार्यक्रमों के समन्वय और संचालन की जिम्मेदारी Mahendra Singh को सौंपी गई है।
मुख्य बातें
✔ CM मोहन यादव ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को श्रद्धांजलि दी
✔ देश का विभाजन भारतीय इतिहास की बड़ी भूल बताया
✔ UCC पर 10 लाख से अधिक सुझाव मिलने की जानकारी दी
✔ 23 जून से 6 जुलाई तक प्रदेशभर में विशेष कार्यक्रम होंगे
✔ बूथ स्तर पर पुष्पांजलि, छात्र सम्मेलन और वृक्षारोपण अभियान चलेंगे
✔ कई स्थानों पर मार्ग, पार्क और चौराहों का नामकरण किया जाएगा
