Anmol Sandesh News Desk, बुलंदशहर/पूर्णिया
निर्दलीय सांसद पप्पू यादव पर प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जूता फेंके जाने की घटना के बाद अब इस मामले ने नया मोड़ ले लिया है। जूता फेंकने के आरोपी बताए जा रहे हैप्पी शर्मा और सुमित गिरि जब अपने गांव पहुंचे तो वहां उनका कथित तौर पर जोरदार स्वागत किया गया।दोनों आरोपी मूल रूप से बुलंदशहर के नैथला हसनपुर गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं। गांव पहुंचने के दौरान लोगों ने फूल-मालाएं पहनाईं। वहीं खुली गाड़ी के आगे DJ बजता रहा और स्वागत के दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद दिखाई दिए।सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में पूरा माहौल किसी राजनीतिक जुलूस जैसा नजर आ रहा है। इस स्वागत को लेकर अब सोशल मीडिया पर भी तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
हैप्पी शर्मा ने कहा—हम हमला करने नहीं गए थे
मीडिया से बातचीत में हैप्पी शर्मा ने दावा किया कि उनका मकसद पप्पू यादव पर हमला करना नहीं था।उनके मुताबिक वह सिर्फ सांसद से कुछ सवाल पूछना चाहते थे। उन्होंने आरोप लगाया कि पप्पू यादव ने सनातन और हिंदुओं को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी और वह इसी को लेकर उनसे सवाल करना चाहते थे।हैप्पी शर्मा ने बताया कि पप्पू यादव के घर में प्रवेश से पहले पुलिस की जांच हुई थी और जांच के बाद ही उन्हें अंदर जाने की अनुमति मिली।हालांकि, जूता फेंके जाने की घटना के बाद मामला पुलिस तक पहुंच गया और पप्पू यादव के मीडिया सलाहकार की शिकायत पर दिल्ली में BNS की धाराओं के तहत FIR दर्ज होने की बात सामने आई है।
क्या है पूरा जूता कांड?
यह पूरा विवाद 31 जुलाई की एक घटना के बाद शुरू हुआ। पप्पू यादव ने संसद में साधु के वेश में चंदा चोरी का नाटक किया था। इस प्रदर्शन के बाद उनके खिलाफ कई जगहों पर विरोध और शिकायतों की खबरें सामने आईं।इसी विवाद के बीच एक हिंदूवादी नेता की ओर से पप्पू यादव के खिलाफ बेहद गंभीर और हिंसक बयान भी सामने आया था, जिसमें उनके सिर की कीमत घोषित करने की बात कही गई थी।इसके बाद 2 अगस्त को मीडिया से बातचीत के दौरान पप्पू यादव पर जूता फेंका गया।घटना के तुरंत बाद मौके पर मौजूद लोगों ने कथित आरोपी को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया।
पप्पू यादव ने चाकू मिलने का भी किया दावा
जूता फेंके जाने के बाद पप्पू यादव की ओर से दावा किया गया कि जूता फेंकने वाले व्यक्ति के पास से चाकू बरामद हुआ था और आरोप लगाया गया कि वह हमला करने के इरादे से आया था।हालांकि, घटना को लेकर अलग-अलग पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे सामने आए हैं। मामले की वास्तविक स्थिति जांच और कानूनी प्रक्रिया के जरिए ही स्पष्ट होगी।
अब गांव में स्वागत ने बढ़ाई सियासी चर्चा
जूता फेंकने के आरोपियों के गांव पहुंचने पर जिस तरह से उनका स्वागत किया गया, उसने पूरे मामले को फिर चर्चा में ला दिया है।खुली जीप, DJ, फूल-मालाएं और लोगों की भीड़ देखकर सोशल मीडिया पर लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या किसी जनप्रतिनिधि पर जूता फेंकने जैसी घटना का इस तरह सार्वजनिक स्वागत उचित है?वहीं दूसरी तरफ आरोपियों के समर्थक इसे अपना पक्ष रखने और अपने लोगों के समर्थन के तौर पर देख रहे हैं।
जूता कांड से शुरू हुआ विवाद अब पहुंचा गांव के ‘ग्रैंड वेलकम’ तक!
एक तरफ सांसद पप्पू यादव की ओर से गंभीर आरोप लगाए गए हैं, तो दूसरी तरफ आरोपी पक्ष अपने बचाव में इसे सवाल पूछने की कोशिश बता रहा है।अब इस मामले में कानूनी जांच और पुलिस की कार्रवाई पर नजर रहेगी। साथ ही यह भी महत्वपूर्ण होगा कि जूता फेंकने की घटना में सामने आए आरोपों की जांच किस दिशा में आगे बढ़ती है।जूता फेंकने के आरोपी गांव पहुंचे तो खुली जीप में निकला काफिला, DJ और फूल-मालाओं से हुआ स्वागत—VIDEO ने बढ़ाई सियासी हलचल!
