Anmol Sandesh News Desk, भोपाल
मध्यप्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों के लिए बड़ी सौगात सामने आई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 1,21,804 मेधावी छात्रों के बैंक खातों में लैपटॉप खरीदने के लिए ₹25-25 हजार की राशि ट्रांसफर की। भोपाल स्थित कुशाभाऊ ठाकरे अंतरराष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सरकार ने इस योजना के तहत ₹304 करोड़ से अधिक की राशि जारी की। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने प्रतीकात्मक रूप से 10 विद्यार्थियों को लैपटॉप भी प्रदान किए। सरकार का उद्देश्य मेधावी विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक से जोड़ना और उनकी उच्च शिक्षा एवं करियर की तैयारी में डिजिटल संसाधनों की मदद करना है।
किन विद्यार्थियों को मिली राशि?
मध्यप्रदेश लैपटॉप योजना के तहत यह प्रोत्साहन राशि उन विद्यार्थियों को दी गई है, जिन्होंने मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल की 12वीं कक्षा पहली बार में उत्तीर्ण की और 75 प्रतिशत या उससे अधिक अंक हासिल किए। योजना का लाभ मध्यप्रदेश के पात्र मूल निवासी विद्यार्थियों को दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में 75 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वाले विद्यार्थियों का अभिनंदन करते हुए कहा कि इन छात्रों ने अपनी मेहनत और लगन के दम पर सफलता हासिल की है।
छात्रों से CM ने जाना भविष्य का सपना
कार्यक्रम केवल राशि वितरण तक सीमित नहीं रहा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मेधावी विद्यार्थियों से बातचीत कर उनके भविष्य के सपनों और लक्ष्यों के बारे में भी जाना। विद्यार्थियों ने अलग-अलग क्षेत्रों में करियर बनाने की इच्छा जताई। 97.2 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले धीरेंद्र सिंह मुंडेला ने भविष्य में राजनीति में आने की इच्छा जताई। उनका कहना है कि राजनीति के माध्यम से वे देश और समाज के विकास में योगदान देना चाहते हैं। वहीं 95 प्रतिशत अंक हासिल करने वाली हिमांशी ने उद्यमी बनने का सपना बताया। उन्होंने कहा कि AI और लगातार बढ़ती प्रतिस्पर्धा के दौर में अपना व्यवसाय खड़ा करना युवाओं के लिए बेहतर अवसर पैदा कर सकता है। उनका लक्ष्य नौकरी हासिल करने के बजाय दूसरों को रोजगार देने वाला व्यवसाय खड़ा करना है।
तकनीक से जुड़ेंगे प्रदेश के मेधावी छात्र
लैपटॉप खरीदने के लिए मिलने वाली ₹25 हजार की सहायता से विद्यार्थी पढ़ाई, ऑनलाइन कोर्स, डिजिटल लर्निंग, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और तकनीकी कौशल विकसित करने के लिए आधुनिक संसाधनों का इस्तेमाल कर सकेंगे। सरकार की ओर से इस पहल को विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा से जोड़ने और बदलते तकनीकी दौर के लिए तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया है। बड़ी संख्या में मेधावी विद्यार्थियों के खातों में एक साथ राशि पहुंचने से योजना का दायरा भी सामने आया है।
