Anmol Sandesh News Desk,नई दिल्ली
देश के कई हिस्सों में सुस्त पड़ा मानसून अब एक बार फिर सक्रिय होने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों में उत्तर और पूर्वी भारत के कई राज्यों में भारी बारिश का दौर शुरू हो सकता है। वहीं, पहाड़ी राज्यों में पहले से ही बारिश, भूस्खलन और अचानक बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है।मौसम विभाग ने अगले चार दिनों के लिए करीब 18 राज्यों में बारिश, आंधी और तूफान का अलर्ट जारी किया है।
इन राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के मुताबिक जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश की संभावना है।
इसके अलावा:
- पंजाब
- चंडीगढ़
- हरियाणा
- दिल्ली
- पूर्वी उत्तर प्रदेश
- छत्तीसगढ़
- झारखंड
- पश्चिम बंगाल
- ओडिशा
- अरुणाचल प्रदेश
- नागालैंड
- मणिपुर
- मिजोरम
- त्रिपुरा
में भी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया गया है।
UP-बिहार में मूसलाधार बारिश के आसार
मौसम विभाग ने पश्चिम बंगाल और बिहार में अगले 2 से 3 दिनों तक कई जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है।वहीं उत्तर प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में अगले 24 घंटे के दौरान गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।
राजस्थान-गुजरात में अभी मानसून कमजोर
देश के कुछ मैदानी इलाकों में मानसून की रफ्तार फिलहाल धीमी बनी हुई है।राजस्थान के बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू जिलों में 14 और 15 जुलाई को हल्की बारिश के आसार हैं। पश्चिमी राजस्थान में तेज हवाओं और धूलभरी आंधी की भी संभावना जताई गई है।

पहाड़ों पर बारिश बनी आफत
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में लगातार बारिश से हालात चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं।
कई जगह:
- भूस्खलन
- अचानक बाढ़
- सड़कें बंद
- पेड़ों के गिरने
- मकानों और दुकानों में पानी भरने
जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं।
हिमाचल प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि उत्तराखंड में भी भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
आखिर मैदानी इलाकों में क्यों थमा मानसून?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार पाकिस्तान की ओर से आ रही सूखी हवाओं के कारण अरब सागर, मध्य भारत और दक्षिण भारत के कई हिस्सों में मानसून की सक्रियता कमजोर हुई है।इसी वजह से दिल्ली-NCR समेत कई मैदानी इलाकों से मानसूनी बादल हटकर पहाड़ी क्षेत्रों की ओर ज्यादा सक्रिय हो गए।
अब आगे क्या?
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में नया सिस्टम बनने के साथ मानसून फिर गति पकड़ सकता है। अगले एक सप्ताह में देश के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।अब नजरें इस बात पर हैं कि मानसून की वापसी कितनी तेज होती है और किन राज्यों में बारिश राहत लेकर आती है या आफत।
